नाबालिग दुष्कर्म मामले में बड़ा खुलासा, ब्लैकमेलिंग और अवैध वसूली के आरोप में 2 और गिरफ्तार

रायपुर ग्रामीण पुलिस की जांच में नाबालिग बालिका से जुड़े दुष्कर्म प्रकरण में एक नया और हैरान करने वाला मोड़ सामने आया है। पहले जहां मामला केवल दुष्कर्म के आरोपों तक सीमित दिखाई दे रहा था, वहीं विस्तृत विवेचना के दौरान ब्लैकमेलिंग, धमकी और अवैध वसूली के गंभीर तथ्य उजागर हुए हैं। इन्हीं तथ्यों के आधार पर पुलिस ने दो और आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।
चौकी सिलयारी क्षेत्र में दर्ज इस संवेदनशील मामले की जांच के दौरान पुलिस को ऐसे साक्ष्य मिले, जिनसे यह स्पष्ट हुआ कि कुछ लोगों ने दुष्कर्म प्रकरण का फायदा उठाकर आरोपियों और उनके परिजनों को डराने तथा उनसे धन उगाही करने की योजना बनाई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने प्रत्येक पहलू की गहन जांच की और तकनीकी एवं परिस्थितिजन्य साक्ष्यों का विश्लेषण किया।
विवेचना में सामने आया कि आरोपियों को लगातार ब्लैकमेल किया जा रहा था और मामले को सार्वजनिक करने की धमकी देकर बड़ी रकम की मांग की जा रही थी। जांच के दौरान यह भी पाया गया कि संबंधित व्यक्ति कई बार आरोपियों के घर पहुंचे, लगातार फोन कॉल के माध्यम से संपर्क बनाए रखा और मामले को लेकर दबाव बनाने का प्रयास किया। पुलिस के अनुसार नगद तथा डिजिटल माध्यमों से राशि प्राप्त करने के प्रमाण भी मिले हैं।
जांच में यह तथ्य भी सामने आया कि 28 मई 2026 को आरोपियों के घर जाकर उनके परिजनों को डराया-धमकाया गया। आरोप लगाया गया कि यदि मांग के अनुरूप रकम नहीं दी गई तो मामले को व्यापक रूप से सार्वजनिक कर कानूनी परेशानी बढ़ाने की धमकी दी जाएगी। पुलिस के अनुसार बातचीत के बाद धनराशि प्राप्त करने की कार्रवाई भी की गई थी।
साक्ष्यों के परीक्षण और गवाहों के बयान के आधार पर पुलिस ने पाया कि आरोपियों एवं उनके परिजनों को भयभीत कर अवैध आर्थिक लाभ लेने का प्रयास किया गया। इसके बाद प्रकरण में भारतीय न्याय संहिता की धारा 308(2) सहित अन्य प्रासंगिक धाराएं जोड़ी गईं और विधिसम्मत कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तार आरोपी :
सूरज सिंह ठाकुर पिता किरण सिंह ठाकुर उम्र 35 वर्ष निवासी ग्राम सिलयारी धरसींवा जिला रायपुर।
मोहम्मद उस्मान सैफी पिता रहमान सैफी उम्र 36 वर्ष निवासी ग्राम सिलयारी धरसींवा जिला रायपुर।
रायपुर ग्रामीण पुलिस ने स्पष्ट किया है कि मामले की विवेचना अभी जारी है। जांच के दौरान सामने आए अन्य तथ्यों और संभावित संलिप्त व्यक्तियों की भूमिका की भी पड़ताल की जा रही है। पुलिस का कहना है कि कानून का दुरुपयोग कर किसी भी प्रकार की ब्लैकमेलिंग, धमकी या अवैध वसूली करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
FAQs
Ans: चौकी सिलयारी क्षेत्र, जिला रायपुर से।
Ans: दो अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
Ans: ब्लैकमेलिंग, धमकी और अवैध वसूली की साजिश के तथ्य सामने आए।
Ans: जांच में नगद और डिजिटल माध्यम से राशि प्राप्त करने के प्रमाण मिले हैं।
Ans: भारतीय न्याय संहिता की धारा 308(2) सहित अन्य धाराएं जोड़ी गई हैं।
Ans: नहीं, पुलिस द्वारा विवेचना अभी जारी है।
Ans: ब्लैकमेलिंग और अवैध वसूली करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।
